मुहब्बत जब सच्ची हो तो

This is a message to all lover's from me, please try to understand the depth of this poem. And i need your valuable comments on it ........ मुहब्ब्त जब सच्ची हो तो धड़कने  जुड़ जाती है, सांसो में बहकर रोज प्यार के नगमें  सुनाती है. धड़क धड़क कर उसके भी दिल का हाल बताती है, … Continue reading मुहब्बत जब सच्ची हो तो

तेरी कसमें तेरे वादे

कहाँ गयी वो तेरी कसमें वो मुहब्बत की सब रस्में, वो इश्के जुनूँ की बातें वो चुपके छुपके की मुलाकातें. वो साथ में मरने के वादे वो सात जनम संग जीने के इरादे, जाने से पहले इक पल तो सोचती तेरे बिन रह जायेंगे आधे. हर चाहत को छोड़ के चली तुम हर रस्म भी … Continue reading तेरी कसमें तेरे वादे

mansoon ki pahli barish

इस मानसून की पहली बारिश ने , बहुत ख़ूबसूरत एक काम किया है . हम तो चाहते थे उन्हें लम्बे समय से , पर आज उन्होंने अपना दिल मेरे नाम किया है.   हमको तो जिन्दगी बस खवाबों में ही मिली , और अच्छी बातें सिर्फ किताबों में ही मिली . कहाँ पता था की … Continue reading mansoon ki pahli barish